कैसे खुद को अब समझाऊं कैसे.?
सीधा सा इंसान ना जाने क्यु प्यार किया मुझे उसने,
सीधा सा इंसान ना जाने क्यु प्यार किया मुझे उसने,
ये राखी फिर रुलायेगी, फिर मेरी याद लौट आयेगी।। जो दर्द हर दिन दबा रहता दिल मे, वो याद आंसू के रस्ते आयेगी।। ये राखी फिर रुलायेगी।।। याद आयेगा फिर से वो वादा मेरा, जो कर ना सका पूरा वो इरादा मेरा।। जिसकी हर मोड़ पर साथ देने का वादा मेरा, वो पूरा ना कर…
चाहत ना रख कोई बात नहीं, रिश्ता ना रख कोई बात नहीं. पर जो था पहले कभी हम दोनों मे जो, उन याद को कैसे भुलाउ ये बता तो सही. तुम तो चली गए एक पल मे सब छोड़ कर, मैं भी तेरी तरह बेग़ैरत कैसे बनूँ ये सीखा तो सही. चल मान लिया तू…
चलो आज उनकी बात करते हैं, हाँ हाँ मेरा मतलब आज भी उनकी बात करते हैं. कैसे है वो कैसे है वो आज कुछ बयां करते हैं 😊 हस्ते जब चहकती मेरी दुनिया, खुशी से उनकी महकती मेरी दुनिया. उनकी आँखों में सजे काजल के दीवाने हो गये. उनकी आँखों मे सजे चश्मे से दीवाने…
ऐसा नहीं है कि मैंने अब रोना छोड़ दिया है. दुखी अब भी होता हूँ बहुत पर बताना छोड़ दिया है. ऐसा नहीं मैंने सबके साथ रहना छोड़ दिया है, हाँ अकेला हूं बहुत इतने सारे अपनों के साथ, अब अपनों से कहना छोड़ दिया है ।। हाँ करता हूं मैं पहले जैसा ही प्यार…
याद है वो हमें कुछ इस तरह से अब तलक, उससे दूर होकर खुद को भूला बैठे हैं हम ।। निगाहों में नहीं वो अब दिल में कहीं बसता है, किस अजनबी को ये अपना बना बैठे हैं हम जिसे ये सोचकर चाहा कि खुशी मिलेगी हमें , उसके गम को अब सीने से लगा…
जब होती उनसे बात या कोई मुलाकात, दिल कहीं थम सा जाता है. होती है करनी बहुत बात, पर कहीं…… उनकी ही बातों पे ये दिल खो जाता है. छुप छुप के नजरे उनसे मिलती , उनके सामने होने के बाद भी । प्यार का इजहार करने को दिल करता तो बहुत लेकिन ये बहुत…