वक़्त बे वक़्त तुझे याद करना
हाँ अच्छा नहीं मुझे पता है हर वक़्त बेवक्त तुझे याद करते रहना,आदत ये मेरी सही नहीं ये भी हाँ मुझे पता.
हाँ अच्छा नहीं मुझे पता है हर वक़्त बेवक्त तुझे याद करते रहना,आदत ये मेरी सही नहीं ये भी हाँ मुझे पता.
सब भुल जाऊं तो जाऊं कहा, पलकों से अपने इस दर्द को छुपाऊं कहा।। आंखों मे आंसू तो छुपा लेता हूं दिन मे, पर ये रात को दर्द भुलाऊं तो भुलाऊं कहा।। काश की ये रात ना होती, ये अपनो की यादें ना होती।। दिन तो गुजार लेते खुद को मिटा कर, काश की रातों…
मैं वो कहानी हूं ………….. किसी की अधूरी मोहब्बत और आंसुओ की जुबानी हूं, पुरी होते होते रह जो गई मैं वो अधूरी कहानी हूं..!! किस्से तो मेरे भी बहुत हुऐ इस अधुरी कहानी मे, बस मशहूर ना हुए मैं वो कुर्बानी हुं।। बारिश तो बहुत तेज़ थी सफर मे तुफानों के साथ, हम फिर…
हमको क्या खबर थी की तुम यूं आओगे, आकर जिन्दगी का मेरी एक हिस्सा बन जाओगे।। चाहत से भी अधिक चाहत बन कर तुम, बिना बात यूं ही चले जाओगे।। ना रूठे हो ना छोड़े हो, फिर भी मिलों दूर तुम खड़े हों ।। दिखते तो हो पास अब भी मुझे तुम, पर अब रेगिस्थान…
ये इन्तजार भी बहुत दर्द देती हैं, ये हर सब्र को बस तोड़ देती हैं।। आसान नही होता यूं इन्तजार मे वक्त बिताना, बिना शिकायत के बस चुप हो किए जाना।। इन्तजार कभी तन्हा अकेला कर देती हैं।। जब पता हो की इन्तजार के बाद भी इन्तजार है, सच कहता हुं तब ये अंदर से…
तुम जो कहते हो चलो अब सब ठीक करते हैं, पुरानी सब बातों को भूल नई शुरुआत करते हैं. पर कैसे करू फिर से यकीन की फिर तुम वैसा ना करोगे.?????? जब मर्जी पास रहोगे, जब मर्जी दूर करोगे.??? जो बीते मेरे साल क्या उन्हें तुम वापस दिला पाओगे, हर रात मरा हूं क्या वो…
आसान नहीं होता खुद से बांते करना, यूं हर एक बात मन में ख़ुद से ही करना।। अकेलेपन से गुजरने के बाद ये मुकाम हासिल होता। हर राह पे टूटने और छुटने के बाद ये होता।। हर एक उम्मीद जब बिखेरे तब ।। जब हर रात खुली आंखो से गुजरे।। जब बाते बहुत हो कहने…
Well written