जब खुद को चोट लगती हैं, तब अहसास दर्द का होता है।।
जब खुद को चोट लगती हैं,
जब खुद को चोट लगती हैं,
गम तो गम फिर भी जिए जाना है, हंस हंस कर हर किसी को दिखाना है।। बुरे हालात बुरे चहरे कहा किसी को रास आते, लोगों को चहरा रंग बदल कर दिखाना है।। पूछता है यहां हर कोई क्यू रिश्ते मे ये बता, रिश्तों को आजकल शक की निगाह से देखा जाता।। क्यों कोई जुड़े…
सीधा सा इंसान ना जाने क्यु प्यार किया मुझे उसने, खूबी ना हैसियत फिर भी सब वार दिया उसने. कभी सोचा नहीं थे वो सपने क्यु दिए मुझे, जो हो ना सकते थे पूरे वो वादे क्यु किए मुझे. कभी कोई आया ही नहीं था आप जैसा, अब यूँ बदल जाने पे जी सकू कैसे.?? …
छोटे – छोटे लम्हे बड़ा ना सके हम, उन लम्हों को अपना बना ना सके हम। किसे कहे अपना तू साथी मेरा है, किसे कहे दोस्त तू यार मेरा है।। जैसे ही किसी को अपना समझते हम, उस पल से ही वो बदल जाते एकदम। मिले तो बहुत हमे अपना कहने वाले, पर किसी को…
साथ रहना ही साथ नहीं होता. दिन भर बात करते रहना ही साथ नहीं होता. एक मेरी भी जिंदगी जो दूर है मजबूर है लकिन हर पल साथ है………….. माना कि अब वो नहीं दे पाते वक़्त पर कोई गिला नहीं, उनके हिस्से का वक़्त हम खुद को दे लेते हैं. हाँ दूर है पर…
शिकायत ये रब तुझसे भी कितनी करू, करते करते ये उम्र बीत जानी है।। मिलूंगा जब तुमसे तेरे घर पर, रब सब बात तुम्हे बतलानी है।। क्यो इतना मेरी खुशियों से जलता है तू, ये बात तुमसे ही कहलवांनी है।। मिलूंगा जब तुमसे रब सब बात तुम्हे बतलानी है।। क्या रजा तेरी मेरी ज़िन्दगी को,…
जाने वो कैसी होगी उस पार की दुनियां, सतरंगी होगी अतरंगी होगी या होगी वो भी चाह की दुनियां।। जिंदा होंगे वहां भी लोग या खुद मे मर चुके होंगे, यहां के जैसे ही या चाहत के भूखे हुंगे।। बदलते रहते होंगे लोगों के हालात देखकर, या वहां दिल से साथ चलते हूंगे।। सुना है…