अच्छा हुआ जानी जो तू मेरा ना हुआ,
मिले जो उनसे हमको एक अरसा हो गया,
मिले जो उनसे हमको एक अरसा हो गया,
छोटे – छोटे लम्हे बड़ा ना सके हम, उन लम्हों को अपना बना ना सके हम। किसे कहे अपना तू साथी मेरा है, किसे कहे दोस्त तू यार मेरा है।। जैसे ही किसी को अपना समझते हम, उस पल से ही वो बदल जाते एकदम। मिले तो बहुत हमे अपना कहने वाले, पर किसी को…
सीधा सा इंसान ना जाने क्यु प्यार किया मुझे उसने, खूबी ना हैसियत फिर भी सब वार दिया उसने. कभी सोचा नहीं थे वो सपने क्यु दिए मुझे, जो हो ना सकते थे पूरे वो वादे क्यु किए मुझे. कभी कोई आया ही नहीं था आप जैसा, अब यूँ बदल जाने पे जी सकू कैसे.?? …
ऐसी तकदीर लाऊं कहा से।। एक दोस्त सच्चा पाऊं कहा से।। पल पल मरते जा रहा हूं फिर भी तो मैं जिए जा रहा हूं।। गुस्ताख़ ये यकीं की ये सजा पाऊं कहा से।। लड़ तो जाऊं तूझसे ये मेरी किस्मत लिखने वाले, पर साथ मेरे जो पीछे खड़ा हो उस पल, साथ देने वाला…
रिश्ते अब संसार मे खोने लगे,दोस्त अब थकने लगे. कोई भाग रहा सब. ख्वाहिश पूरी करने मे, कोई परेशान है खुद का वजन कम करने मे. किसी के माथे मे पैसा कमाने की सिरकन, किसी को है टेंशन लोन की किस्त ना देने पाने में. रिश्ते अब संसार मे खोने लगे,दोस्त अब थकने लगे. फुर्सत…
एक पल लगता सब सही हो गया, ना जाने दुजे पल सब फिर बदल जाता।। रुक रुक कर चलने की आदत भी हो गई, ना जाने फिर भी मन कंही क्यों लग नही पता।। बस अब लोग कहने लगे है मुझे मै बदल सा गया हुं, थोडा गुस्सैल और घमंडी ना बोलने वाला हो गया…
तुम जो कहते हो चलो अब सब ठीक करते हैं, पुरानी सब बातों को भूल नई शुरुआत करते हैं. पर कैसे करू फिर से यकीन की फिर तुम वैसा ना करोगे.?????? जब मर्जी पास रहोगे, जब मर्जी दूर करोगे.??? जो बीते मेरे साल क्या उन्हें तुम वापस दिला पाओगे, हर रात मरा हूं क्या वो…